मध्य प्रदेश के तीन और विधायक बीजेपी में शामिल हुए, राष्ट्रपति चुनाव से पहले जोड़तोड़ शुरू

छतरपुर जिले की बिजावर विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के विधायक राजेश कुमार शुक्ला, भिंड से बसपा विधायक संजीव सिंह कुशवाहा और सुसनेस से निर्दलीय विधायक विक्रम सिह राणा हुए बीजेपी में शामिल

Updated: Jun 14, 2022, 01:01 PM IST

मध्य प्रदेश के तीन और विधायक बीजेपी में शामिल हुए, राष्ट्रपति चुनाव से पहले जोड़तोड़ शुरू

भोपाल। राष्ट्रपति चुनाव का ऐलान होते ही सत्ताधारी दल बीजेपी ने जोड़तोड़ की रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है। मध्य प्रदेश में मंगलवार को तीन विधायक बीजेपी में शामिल हो गए। राजधानी भोपाल स्थित बीजेपी मुख्यालय में प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा और सीएम शिवराज सिंह चौहान की मौजूदगी में तीनों विधायकों ने बीजेपी की सदस्यता ली।

भाजपा ज्वॉइन करने वालों में छतरपुर जिले की बिजावर विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के विधायक राजेश कुमार शुक्ला, भिंड से बहुजन समाज पार्टी के विधायक संजीव सिंह कुशवाहा और सुसनेर से निर्दलीय विधायक राणा विक्रम सिंह राणा शामिल हैं। प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने तीनों विधायकों को मंगलवार सुबह 11 बजे बीजेपी दफ्तर में सदस्यता दिलाई है।

राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले तीन विधायकों के दल बदल को सियासी तौर पर बेहद अहम माना जा रहा है। दरअसल, आंकड़ों के हिसाब से एनडीए के पास बहुमत नहीं है। राष्ट्रपति चुनाव में जीत के लिए एनडीए कैंडिडेट को बीजेडी के नवीन पटनायक और वायएसआरसी के जगनमोहन रेड्‌डी के समर्थन की जरूरत है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नवीन पटनायक एवं जगन मोहन रेड्डी से मुलाकात कर समर्थन देने की अपील कर चुके हैं। हालांकि दोनों ने ही दलों ने फिलहाल कोई निर्णय नहीं लिया है। ऐसे में अब बीजेपी ने जोड़तोड़ की रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है।

बता दें संजीव सिंह पहले बीजेपी में ही थे हालांकि उन्होंने साल 2013 में इस्तीफा देकर बीएसपी की टिकट से विधानसभा चुनाव लड़ा था। तब वह जीत नहीं सके थे। इसके बाद 2018 में वह बीएसपी के टिकट पर विधायक चुने गए। संजीव बसपा के विधायक दल के नेता भी है। वे युवा मोर्चा में प्रदेश पदाधिकारी और जिला पंचायत अध्यक्ष भी रह चुके है। 

वहीं, राजेश कुमार शुक्ला छतरपुर जिले की बिजावर विधानसभा सीट से सपा विधायक है। राजेश शुक्ला ने 2018 चुनाव में बीजेपी के पुष्पेंद्रनाथ पाठक को हराया था। राज्यसभा के लिए हुए चुनाव में उन्होंने बीजेपी के समर्थन में मतदान किया था, जिसके बाद उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया था। विक्रम सिंह राणा सुसनेर विधानसभा से निर्दलीय विधायक है। विक्रम सिंह की भाजपा में शामिल होने की चर्चा कई महीनों से चल रही थी।