मोबाइल सिग्नल के लिए झूले पर लटकते मंत्री जी, क्या ऐसे बनेगा डिजिटल इंडिया

अशोकनगर में मंत्री बृजेन्द्र सिंह भागवत में हिस्सा में ले रहे हैं, क्षेत्र में नेटवर्क न होने के कारण उन्हें रोज़ तीन घंटे झूले पर चढ़कर काम निपटाने पड़ रहे हैं

Updated: Feb 22, 2021, 04:29 PM IST

मोबाइल सिग्नल के लिए झूले पर लटकते मंत्री जी, क्या ऐसे बनेगा डिजिटल इंडिया
Photo Courtesy : Twitter/ANI

भोपाल। मध्य प्रदेश के मंत्री जी को मोबाइल सिग्नल की तलाश में झूले पर लटकना पड़ रहा है। वो भी हर रोज़ कम से कम तीन घंटे के लिए। झूले पर चढ़कर काम करने वाले शिवराज सरकार के यह मंत्री हैं बृजेन्द्र सिंह यादव। मंत्री जी इन दिनों अशोकनगर में हो रही एक भागवत कथा में हिस्सा ले रहे हैं।

भागवत कथा में मुख्य जजमान होने की वजह से बृजेंद्र सिंह यादव पिछले नौ दिनों से अशोकनगर में ही रह रहे हैं। लेकिन क्षेत्र में मोबाइल नेटवर्क की बड़ी समस्या है। नेटवर्क नहीं मिलने के कारण किसी को फोन कर पाना भी मुश्किल है। यही वजह है कि मंत्री जी हर रोज़ करीब झूले के जरिए 50 फ़ीट ऊपर चढ़कर कामकाज निपटाने पड़ रहे हैं। झूले पर मोबाइल में सिग्नल मिल जाता है, तो मंत्री जी फोन पर अधिकारियों को आदेश दे पाते हैं। बृजेन्द्र सिंह का कहना है कि वे हर रोज़ तीन घंटे झूले के ऊपर ही बिताते हैं ताकि लोगों की समस्याओं को सुलझा सकें। 

एक नज़र में मंत्री जी की ऐसी तस्वीरें भले ही दिलचस्प नज़र आ रही हों, लेकिन इसके साथ ही यह हालत डिजिटल इंडिया बनाने के दावों की पोल भी खोलती है। साथ ही यह सवाल भी उठता है कि इन हालात में हम 5G नेटवर्क की तरफ आगे बढ़ने के दावे कैसे कर सकते हैं, जब देश के बहुत से इलाकों में मोबाइल का सामान्य सिग्नल भी नहीं मिल पाता। सवाल यह भी है कि सरकार के मंत्री लोगों की समस्याएं सुलझाने के लिए झूले पर पचास फीट ऊपर लटककर काम करने के दावे भले ही कर रहे हों, लेकिन क्या इससे बेहतर ये नहीं होता कि वे  मोबाइल सिग्नल की बुनियादी समस्या दूर करने पर ध्यान देते?