UP: नोएडा में कैब ड्राइवर की हत्या, जय श्री राम के नारे लगाने को कहा

Mob Lynching: बुलंदशहर से दिल्ली आ रहा था कैब ड्राइवर आफताब, पुलिस ने सांप्रदायिक कोण को नकारा

Updated: Sep 08, 2020 02:43 PM IST

UP: नोएडा में कैब ड्राइवर की हत्या, जय श्री राम के नारे लगाने को कहा
Photo Courtesy: Indian Express

नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से सटे नोएडा में एक 45 वर्षीय कैब ड्राइवर की हत्या कर दी गई। मृतक के परिवार ने आरोप लगाया है कि आरोपियों ने कैब ड्राइवर से जबरन जय श्री राम के नारे लगवाए। परिवार का यह आरोप नोएडा पुलिस ने खारिज कर दिया है। आरोपी मृतक के कैब में ही सवार थे। मृतक का नाम आफताब है। 

नोएडा पुलिस ने बताया कि आफताब बुलंदशहर से दिल्ली आ रहा था। रास्ते में दो लोग आपराधिक इरादों के साथ उसकी कैब में सवार हुए। पुलिस का यह भी कहना है कि पृथमदृष्टया यह सामने आया है कि आरोपियों ने शराब पी हुई थी और वे कैब को चुराने के इरादे से उसमें सवार हुए थे। 

पुलिस ने आगे बताया कि आरोपियों की पहचान अब तक नहीं हो पाई है दो अज्ञात आरोपियों के खिलाफ बादलपुर थाने में धारा 302 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। 

वहीं मृतक के बेटे का कहना है कि घटना से कुछ मिनट पहले उसकी अपने पिता से बात हुई थी। बेटे ने आरोप लगाया कि आरोपी उसके पिता से जय श्री राम के नारे लगाने को कह रहे थे। उसने यह भी बताया कि पिता से हुई बात को उसने फोन पर रिकॉर्ड किया है। बेटे का नाम सारिब है। 

सारिब ने और विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि रात को तकरीबन आठ बजे उसके पिता का फोन आया। उसके पिता तब ग्रेटर नोएडा के टोल प्लाजा पर थे। एक बार फिर से आठ बजकर 39 मिनट पर उसे पिता का फोन आया। तब आरोपी हंस रहे थे और आफताब से कह रहे थे, ‘जय श्री राम बोल.... भाई तू जय श्री राम बोल।’

दूसरी तरफ नोएडा एसीपी 2 जोन राजीव कुमार ने कहा, “हमें सोमवार की रात खबर मिली थी कि बुलंदशहर से दिल्ली जा रही एक कैब में आपराधिक गतिविधियां हो रही हैं। रात साढ़े नौ बजे दादरी पुलिस को इस संबंध में सूचित किया गया और पुलिस ने सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर गाड़ी को खोज निकाला। गाड़ी में ड्राइवर के सर पर चोट के निशान थे, जबकि आरोपी मौके से फरार हो चुके थे। एक क्लिप वायरल हो रही है कि जिसमें आरोपी किसी से जय श्री राम का नारा लगाने के लिए कह रहे हैं। वे ड्राइवर से ऐसा करने को नहीं कह रहे थे। वे किसी और से बात कर रहे थे। इस घटना में कोई भी सांप्रदायिक कोण नहीं है।”

वहीं आफताब के परिवार ने बताया कि आखिरी बार फोन पर बात होने के 15 मिनट के बाद उनका फोन बंद हो गया। इसके बाद बेटे सारिब ने दिल्ली में एक थाने में सपर्क किया। ग्रेटर नोएडा पुलिस ने गाड़ी को खोज निकाला। आफताब की इलाज के दौरान मौत हो गई। आफताब के परिवार में पत्नी और तीन बच्चे हैं।