फाइनेंस कंपनी से धोखाधड़ी का आरोपी गिरफ्तार

Online fraud in Chhattisgarh: फाइनेंस कंपनी से धोखाधड़ी का आरोपी गिरफ्तार, फर्जी इंजीनियर ने फर्जी सैलरी स्लिप दिखाकर लिया था लोन

Updated: Aug 29, 2020 08:18 PM IST

फाइनेंस कंपनी से धोखाधड़ी का आरोपी गिरफ्तार
Photo Courtesy: Bhaskar

रायपुर। प्रदेश में लगातार नए-नए तरीकों से ठगी के मामले उजागर हो रहे हैं। शहर में एक शख्स ने जानीमानी फाइनेंस कंपनी को 12 लाख का चूना लगा दिया। आरोपी ने फाइनेंस कंपनी को बताया था कि वह पावर ग्रिड कॉरपोरेशन का इंजीनियर है। इतना ही नहीं उसने फाइनेंस कंपनी को जाली दस्तावेज और सैलरी स्लिप भी दिखाई।

आरोपी ने इन्ही फर्जी डॉक्यूमेंट के आधार पर फाइनेंस कंपनी से 12 लाख रुपए का कर्ज लिया। शख्स ने किस्तें नहीं चुकाई और फरार हो गया। फाइनेंस कंपनी की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। रायपुर की सिविल लाइन थाना पुलिस ने इस आरोपी को लखनऊ से गिरफ्तार किया है।

जाली सैलरी स्लिप दिखाकर लिया 12 लाख का लोन

दरअसल दीपक तिवारी ने अक्टूबर 2019 में बजाज फाइनेंस कंपनी से पर्सनल लोन के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। उसने कहा था कि वह पावर ग्रिड कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया में इंजीनियर है। वहीं उसने अपनी सैलरी 90 हजार रुपए बताई थी। जिसके लिए उसने जाली डॉक्यूमेंट,पे-स्लिप और आधार कार्ड भी ऑनलाइन जमा किया था। आरोपी के पास कई नामों से आईडी मिली है। इसके पास दीपक तिवारी, सिद्धार्थ तिवारी और अंकुर तिवारी के नाम से जुड़े दस्तावेज मिले हैं।

लोन की एक किस्त चुकाकर फरार हुआ आरोपी

बजाज फाइनेंस से लोन लेने के बाद आरोपी दीपक ने लोन की केवल पहली किस्त 23,407 रुपए कंपनी में जमा किए थे। इसके बाद 6 महीने तक किस्त नहीं जमा की। जब कंपनी ने आरोपी से मेल पर संपर्क किया तो उसने कोई रिप्लाय नहीं किया।जिसके बाद फाइनेंस कंपनी ने आरोपी के कागजातों की जांच कराई तो वह फर्जी निकले। जब बजाज फाइनेंस ने आरोपी दीपक के ऑफिस में संपर्क किया तो पता चला कि वह तो वहां काम करता ही नहीं है। दीपक ने जाली सैलरी स्लिप में खुद को पॉवर ग्रिड कॉरपोरेशन इंडिया लिमिटेड का इंजीनियर बताया था। इसी के आधार पर कंपनी ने उसका लोन अप्रूव किया था।

रायपुर पुलिस ने आरोपी को लखनऊ से किया गिरफ्तार

बजाज फाइनेंस कंपनी की शिकायत के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस ने आरोपी दीपक के खिलाफ केस दर्ज किया। और उसकी खोजबीन शुरू की। पुलिस ने अपनी पड़ताल में पाया कि युवक लखनऊ में है। इसके बाद पुलिस ने उसे लखनऊ जाकर गिरफ्तार किया। अब पुलिस आरोपी को रायपुर लाई है, और उससे पूछताछ में जुटी है।