आगरा के राजकीय बालगृह में तीन बच्चों की मौत से मचा हड़कंप, एक हफ्ते से दबाया जा रहा था मामला

सीडीओ ने बताया कि तीन बच्चों की मौत के बाद उनका पोस्टमार्टम हुए था, रिपोर्ट आने पर ही मौत का कारण स्पष्ट होगा

Updated: Nov 02, 2020, 07:40 PM IST

आगरा के राजकीय बालगृह में तीन बच्चों की मौत से मचा हड़कंप, एक हफ्ते से दबाया जा रहा था मामला
Photo Courtesy: Amar Ujala

आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में राजकीय बालगृह में तीन बच्चों की मौत का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि बाल गृह इस मामले पर पिछले एक सप्ताह से चुप्पी साधे हुए था। एक सामाजिक संस्थान ने जब इसकी शिकायत की तो डीएम ने मामले की जांच एसडीओ को सौंप दी। एसडीओ ने मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं तीन बच्चों की मौत का मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है।

जानकारी के मुताबिक, 24-25 अक्टूबर को चार माह की सुनीता ने बाल गृह से अस्पताल ले जाते वक्त रास्ते में ही दम तोड़ दिया था। चार माह की प्रभा की भर्ती होने के 24 घंटे के भीतर मौत हो गई और 2 माह की बच्ची ने भर्ती होने चार घंटे के भीतर दम तोड़ दिया था। 48 घंटे के अंदर 3 बच्चियों की मौत के मामले को दबाया जा रहा था। इस मामले के सामने आने के बाद बालगृह में बच्चों की देखभाल और पोषण पर सवाल उठ रहे हैं।

सोमवार सुबह सीडीओ और स्वास्थ्य विभाग की टीम बालगृह पहुंची। सीडीओ ने बताया कि तीन बच्चों की मौत के बाद उनका पोस्टमार्टम हुए था। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट देखने के बाद ही बच्चों की मौत का कारण स्पष्ट होगा। सीएमओ से रिपोर्ट मांगी गई है। सीडीओ का कहना है कि बालगृह में सर्दी से बचने के लिए खास इंतजाम करने के लिए कहा गया है। वहीं नवजात बच्चों के कक्षों में बेहतर साफ-सफाई करने के निर्देश भी दिए गए हैं। वहीं बालगृह के अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि अचानक मौसम बदलने और ठंड बढ़ने से बच्चों की हालत खराब हो गई थी।