मरीजों को सांस देने में जुटे कांग्रेस नेताओं के खिलाफ बिठाई जांच, पार्टी नेताओं ने कहा मोदी जी को रास नहीं आयी इंसानियत

यूथ कांग्रेस अध्यक्ष कैसे कर कर रहे हैं ऑक्सीजन, बेड्स और दवाओं का प्रबंध इस बात की जांच करेगी सरकार, यूथ कांग्रेस बोली- हम सरकार के षड्यंत्रों से डरने वाले नहीं

Updated: May 05, 2021, 09:45 PM IST

मरीजों को सांस देने में जुटे कांग्रेस नेताओं के खिलाफ बिठाई जांच, पार्टी नेताओं ने कहा मोदी जी को रास नहीं आयी इंसानियत

नई दिल्ली। भारत में कोरोना वायरस ने कोहराम मचा रखा है। हर दिन देशभर में हजारों लोग कुव्यवस्थाओं की बलि चढ़ रहे हैं। संकट के इस दौर में केंद्र सरकार अपनी कुप्रबंधन की वजह से चौतरफा तिरस्कार का सामना कर रही है। इस कठिन समय में यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता आम अवाम के लिए फरिश्ता बनकर उभरे हैं। वे लोगों की सांसें बचाने के लिए अपनी जान की बाजी लगा रहे हैं। इसी बीच खबर आई है कि पीएम मोदी को यह सेवा भाव कतई रास नहीं आ रहा है।

कुछ कांग्रेस नेताओं की मानें तो प्रधानमंत्री मोदी ने लोगों की सेवा में जुटे विपक्षी दल के कार्यकर्ताओं के खिलाफ जांच करने के आदेश दिए हैं। यह जांच यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीनिवास बी वी, दिल्ली से कांग्रेस विधायक मुकेश शर्मा और हरियाणा से कांग्रेस विधायक दीपेंद्र सिंह हुड्डा के खिलाफ बिठाई गई है। जांच का विषय यह है कि इस कठिन समय में ये तीनों नेता लोगों की जान बचाने के लिए मदद कैसे उपलब्ध करा पा रहे हैं, खासकर तब जब सरकारी तंत्र मदद नहीं कर पा रही।

यह भी पढ़ें: यूपी पंचायत चुनाव: हिंदू मतदाताओं का बीजेपी से मोहभंग, अयोध्या, काशी, मथुरा में बीजेपी का पत्ता साफ

मध्य प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अरुण यादव ने अपने ट्विटर अकाउंट पर इसी खबर की एक कटिंग लगते हुए लिखा है "मोदी जी ग़ज़ब का राम राज्य बनाने में लगे है, पहले तो खुद कुछ कर नहीं रहे है और अगर दीपेंद्र भाई, मुकेश भाई, श्रीनिवास भाई जैसे लोग खुद के खर्च पर कुछ कर रहे हैं तो उनके खिलाफ जांच करवा रहे हैं। मोदी जी क्या आपने सोच लिया है "न जनता को बचाऊंगा और न बचाने दूंगा"।"

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक केंद्र सरकार ने यह पता लगाने का आदेश दिया है कि कांग्रेस के ये नेता कोरोना पीड़ित मरीजों को ऑक्सीजन सिलेंडर और आवश्यक दवाईयां कहां से लाकर दे रहे हैं। अरुण यादव के ट्विटर पर शेयर की गई अखबार की कटिंग में यह भी लिखा है कि केंद्र सरकार ने यह पता लगाने के आदेश दिए हैं कि देशभर में जीवन और मौत से जूझ रहे मरीजों को अस्पतालों में बेड्स ये किस प्रकार दिलवा रहे हैं। माना जा रहा है कि केंद्र सरकार ने जांच के आदेश इस बौखलाहट में दिए हैं कि जब सत्तारूढ़ दल के लोग घरों में दुबके हुए हैं, नेता-मंत्री अपनों की मदद करने में भी असहाय हैं, तब ये विपक्ष के लोग आम लोगों को जिन्हें यह जानते तक नहीं उनकी मदद कर वाहवाही लूट रहे हैं।

मध्य प्रदेश युवक कांग्रेस के अध्यक्ष विक्रांत भूरिया ने भी ट्विटर के माध्यम से सरकार पर तंज कसा है व उनकी इस हरकत को चुनौती के रूप में लिया है। भूरिया लिखते हैं "ये सरकार बड़ी डरपोक है, देश सेवा के लिए जेल भी जाना पड़े तो मंजूर है ! श्रीनिवास सर, हम आपके साथ खड़े हैं !" 

बताते चलें कि देशभर में जब से कोरोना की दूसरी लहर ने कहर बरपाना शुरू किया है, तभी से राहुल गांधी के एक आह्वान पर कांग्रेस के कार्यकर्ता सड़कों अपनी जान हथेली पर रखकर दूसरों की जान बचाने में जुट गए हैं। श्रीनिवास बीवी, मुकेश शर्मा और दिपेंद्र हुड्डा इस मुहिम के नायक के तौर पर उभरे हैं जो फोन और ट्विवर पर मदद की गुहार लगानेवालों के लिए हमेशा उपलब्ध हैं। 

इसके अलावा, कांग्रेस ने लगभग सभी राज्यों में हेल्पलाइन डेस्क की शुरुआत की है, जिससे यथासंभव लोगों की मदद की जा रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से हर रोज जरूरतमंदों की गुहार आती है और अपने परिवार की भांति संबंधित क्षेत्र के यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता जुट जाते हैं किसी के भाई, किसी की बहन, किसी के मां-बाप और अन्य प्रियजनों का जीवन बचाने में।

यह भी पढ़ें: कोरोना काल में फरिश्ता बनी यूथ कांग्रेस, अपनों को खोकर भी दूसरों की जान बचाने में जुटे हैं प्रदेश अध्यक्ष विक्रांत भूरिया

देशभर में अब हर रोज कहीं ऑक्सीजन सिलेंडर, कहीं ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर, कहीं हॉस्पिटल में बेड तो कहीं गंभीर मरीजों को रेमेडेसिविर जैसी जीवनरक्षक उपकरण और दवाइयों की उपलब्धता करवाई जा रही है। इस मुहिम की खास बात यह है कि कांग्रेस के युवा साथी सत्तारूढ़ बीजेपी से जुड़े लोगों की भी जान बचा रहे हैं। हाल ही में केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह और बीजेपी सांसद हंसराज हंस को भी श्रीनिवास की टीम ने मदद की है।

इस बात को लेकर भी केंद्र सरकार के ओहदेदारों की खासी आलोचना हुई। हद तो तब हो गयी जब कई देशों के दूतावासों ने भी सरकार से मदद मांगने की बजाए युवक कांग्रेस अध्यक्ष से मदद की गुहार लगाई और उन्होंने संबंधित दूतावासों तक मदद पहुंचाया। इससे केंद्र की मोदी सरकार की नाकामियों का ढिंढोरा विश्वभर में पीटा जाने लगा।

यह भी पढ़ें: न्यूजीलैंड दूतावास ने मांगी थी कांग्रेस नेता श्रीनिवास बीवी से मदद, कांग्रेस नेता ने पहुंचाए ऑक्सीजन सिलेंडर

कांग्रेस नेताओं का मानना है कि इस कूटनीतिक विवाद को देखते हुए केंद्र सरकार लोगों की मदद की बजाए अब मददगारों की राह में रोड़ा अटकाने में जुट गई और मदद के लिए उठ रहे हाथों को रोकने की नीयत से जांच का आदेश दे रही है। मामले पर मध्यप्रदेश युवक कांग्रेस के मीडिया विभाग के अध्यक्ष विवेक त्रिपाठी ने स्पष्ट कर दिया है कि जबतक जरूरतमंदों की गुहार आती रहेगी हम सबकुक भूलकर मदद को दौड़ लगाएंगे। त्रिपाठी ने कहा कि, 'प्रधानमंत्री को रास नहीं है इंसान का इंसान होना लेकिन हम गांधी के आदर्शों पर चलने वाले लोग हैं, सरकार के इन षड्यंत्रों से नहीं डरने वाले।' बहरहाल, अगर ये जांच कमेटी बनाई गई है तो उनके द्वारा की गई जांच का निष्कर्ष क्या होता है यह तो वक़्त ही बताएगा।