अमेरिका में ट्रंप को फ़ौरन हटाने की माँग तेज़, स्पीकर ने महाभियोग की चेतावनी दी

स्पीकर नैंसी पलोसी ने तीनों सेनाओं के ज्वाइंट चीफ़ ऑफ स्टाफ़ जनरल मार्क मिली से बात की, उन्हें अस्थिर दिमाग़ वाले राष्ट्रपति को फ़ौजी कार्रवाई और परमाणु हथियारों के कोड का इस्तेमाल करने से दूर रखने को कहा

Updated: Jan 09, 2021, 02:56 PM IST

अमेरिका में ट्रंप को फ़ौरन हटाने की माँग तेज़, स्पीकर ने महाभियोग की चेतावनी दी
Photo Courtesy: JPost

वॉशिंगटन। अमेरिका के चुनाव हार चुके राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को उनके पद से फ़ौरन हटाने की माँग तेज़ हो गई है। ट्रंप ने जिस तरह अपने समर्थकों को उकसाकर संसद पर हमला करवाया, उसके बाद से ही यह माँग ज़ोर पकड़ रही है। अब अमेरिकी संसद में हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स की स्पीकर नैंसी पर्सी ने भी चेतावनी दे दी है कि अगर ट्रंप ने फ़ौरन अपना पद नहीं छोड़ा तो उनके ख़िलाफ़ महाभियोग की कार्यवाही शुरू कर दी जाएगी। पलोसी ने कहा कि अमेरिकी संसद पर हमले के लिए भीड़ को उकसाने में ट्रंप ने जो भूमिका अदा की है, उसके बाद वे राष्ट्रपति के पद पर एक पल के लिए भी बने रहने लायक़ नहीं हैं।

इतना ही नहीं, नैंसी पलोसी ने अमेरिका की तीनों सेनाओं के ज्वाइंट चीफ़ ऑफ स्टाफ़ जनरल मार्क मिली से बात करके एक अस्थिर दिमाग़ वाले राष्ट्रपति को किसी तरह की फ़ौजी कार्रवाई की शुरुआत और परमाणु हमले के लॉन्च कोड से दूर रखने की सलाह भी दी है।

अमेरिकी सांसदों के नाम एक पत्र में नैंसी पलोसी ने डोनाल्ड ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी के साँसदों से अपील की है कि राष्ट्रपति को पद से हटाने में वे भी उनका सहयोग करें। इस संदर्भ में पलोसी ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन के वाटरगेट कांड के बाद दिए गए इस्तीफ़े की याद भी दिलाई है, जिसके लिए निक्सन पर उनकी रिपब्लिकन पार्टी की तरफ़ से भारी दबाव डाला गया था। पलोसी ने कहा है कि महाभियोग की असम्मानजनक स्थिति से बचने का तरीक़ा यही होगा कि ट्रंप इस्तीफ़ा दे दें। उन्होंने अपनी चिट्ठी में लिखा है कि भीड़ को अमेरिकी संसद पर हमले के लिए उकसाकर ट्रंप ने देश के लोकतंत्र पर एक भयानक हमला किया, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। पलोसी ने रिपब्लिकन सांसदों से अपील की है कि वे निक्सन के समय पेश की गई मिसाल पर अमल करते हुए ट्रंप को फ़ौरन इस्तीफ़ा देने पर मजबूर करें।

हाउस की स्पीकर ने राष्ट्रपति ट्रंप के बर्ताव को ख़तरनाक और देशद्रोह पूर्ण बताते हुए कहा है कि अगर वे अपनी मर्ज़ी से फ़ौरन राष्ट्रपति पद नहीं छोड़ देते तो संसद में उनके ख़िलाफ़ महाभियोग की कार्यवाही को आगे बढ़ाया जाएगा। अमेरिकी मीडिया में आ रही ख़बरों के मुताबिक़ डेमोक्रेटिक पार्टी के सांसदों के साथ ही साथ कई रिपब्लिकन सांसद भी संसद पर हमले की घटना के बाद से ट्रंप से बेहद नाराज़ हैं और उन्हें पद से हटाने की कोशिशों का साथ दे सकते हैं।

नैंसी पलोसी ने कहा कि उन्होंने सेना की तीनों शाखाओं के प्रमुख जनरल मार्क मिली से बात करके उन्हें भी एक अस्थिर दिमाग़ वाले राष्ट्रपति को किसी युद्ध की शुरूआत करने या परमाणु हथिारों के लॉन्च कोड का इस्तेमाल करने से रोकने की अपील की है। जनरल मिली के प्रवक्ता ने भी इस बातचीत की पुष्टि की है।

हालाँकि अमेरिकी रक्षा विभाग के कुछ वरिष्ठ अफ़सरों ने कहा है कि ट्रंप अब भी अमेरिकी सेनाओं के कमांडर इन चीफ़ हैं और क़ानून तौर पर सेना के अधिकारी उनके आदेशों को मानने के लिए बाध्य हैं। ऐसे में सैनिक अधिकारियों को उनके आदेश न मानने की सलाह देना सैन्य तख्तापलट की कोशिश जैसा है। इन अधिकारियों ने कहा कि राजनेताओं के पास ट्रंप को पद से हटाने के दूसरे तरीक़े मौजूद हैं। उनका इस्तेमाल करने की जगह सेना से कमांडर इन चीफ़ के आदेश न मानने को कहना ठीक नहीं है।