टीकमगढ़: क्रेडिट लेने की होड़ में भिड़े बीजेपी के दो विधायक, मान-मनौव्वल में जुटे अधिकारी

संजीवनी एंबुलेंस उद्घाटन को लेकर टीकमगढ़ जिले के बीजेपी विधायकों में विवाद, राकेश गिरी के पहुंचने से पहले राहुल सिंह ने एंबुलेंस को दिखाई हरी झंडी, फोटो न खिंचा पाने से भड़के राकेश गिरी, स्वास्थ विभाग अब राकेश गिरी का फोटो छपा एंबुलेंस मंगवा रहा है

Updated: May 01, 2022, 05:29 PM IST

टीकमगढ़: क्रेडिट लेने की होड़ में भिड़े बीजेपी के दो विधायक, मान-मनौव्वल में जुटे अधिकारी
Photo Courtesy : Bhaskar

टीकमगढ़। मध्य प्रदेश में एंबुलेंस की किल्लतों के बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बीते दिनों राजधानी भोपाल में संजीवनी एंबुलेंस सेवा का उद्घाटन किया था। लेकिन उद्घाटन के बाद ये एंबुलेंस अभी तक मरीजों की सेवा में नहीं पहुंचे है, बल्कि सभी जिलों में अब स्थानीय बीजेपी नेताओं द्वारा इसका उद्घाटन किया जा रहा है। इसी उद्घाटन, फोटोबाजी और क्रेडिट लेने की होड़ में टीकमगढ़ जिले के दो बीजेपी विधायक आपस में भिड़ गए।

जानकारी के मुताबिक भोपाल से चलकर शनिवार को टीकमगढ़ पहुंची एंबुलेंस को कलेक्टोरेट कार्यालय से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाना था। कार्यक्रम के अतिथि टीकमगढ़ विधायक राकेश गिरी के पहुंचने के पहले ही सभी एंबुलेंस को खरगापुर विधायक राहुल सिंह और भाजपा जिलाध्यक्ष अमित नुना ने 11 बजकर 15 मिनट पर हरी झंडी दिखाते हुए फोटो खिंचवा लिया। थोड़े देर बाद स्थानीय विधायक राकेश गिरी पहुंचे तो मौके पर उन्हें न एंबुलेंस मिली, न ही स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और न ही कोई मीडिया का फोटोग्राफर।

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उन्हें जैसे ही जानकारी मिली कि पार्टी के ही दूसरे विधायक ने उद्घाटन कर दिया तो वे भड़क गए। सीएमएचओ डाॅ.पीके माहौर, डीपीएम सहित स्वास्थ्य विभाग के अमले पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि वे मुख्यमंत्री से शिकायत करेंगे। उन्होंने बीजेपी जिलाध्यक्ष और विधायक को निशाने पर लेते हुए कहा कि मैं जिला मुख्यालय का विधायक हूं, ऐसे में मेरी बढ़ती लोकप्रियता के खिलाफ राजनीतिक षड्यंत्र रचा जा रहा है, जिसे मैं कतई बर्दाश्त नहीं कर सकता। इसकी शिकायत मैं पार्टी फोरम में प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा से करूंगा।

विधायक गिरी के नाराज हाेने की जानकारी मिलते ही सभी एंबुलेंस वाहनों को लेकर सीएमएचओ डॉ. माहौर अधिकारियों के साथ उनके निजी होटल में पहुंचे। अधिकारी यहां बीजेपी विधायक से माफी मांगकर दोबारा गाड़ियों को हरी झंडी दिखाने की मिन्नतें करते दिखे, लेकिन विधायक ने एंबुलेंस वाहनों को हरी झंडी दिखाने से मना कर दिया। खबर है कि बाद में अधिकारियों ने एक एंबुलेंस पर उनका फोटो प्रिंट कराने का प्रस्ताव दिया जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया है। अब फोटो लगी एंबुलेंस को वह हरी झंडी दिखाएंगे।

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सीएमएचओ डॉ.पीके माहौर ने इस घटना को लेकर कहा कि कभी-कभी दिन खराब होता है, शनिवार को मेरा दिन खराब था। मैं टाइमिंग सेट नहीं कर पाया। CMHO के मुताबिक उन्होंने कई बार फोन लगाया लेकिन टीकमगढ़ विधायक से बात नहीं हो पाई। ऐसे में धूप अधिक होने के चलते कार्यक्रम करना पड़ा। जबकि विधायक गिरी के मुताबिक जब स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने फोन पर उनके पीए से बात की तो उन्होंने जल्दी कार्यक्रम में पहुंचने की बात कही थी। बावजूद इसके एंबुलेंस को रही झंडी दिखाकर रवाना कर दिया गया।

इस पूरे मामले पर खरगापुर विधायक राहुल सिंह ने सफाई देते हुए कहा है कि हरी झंडी दिखाने को लेकर कोई विवाद नहीं है और न ही कोई राजनैतिक षड्यंत्र था। 11 बजे एंबुलेंस काे हरी झंडी दिखाई जानी थी। धूप तेज थी ऐसे में कार्यक्रम लेट हो रहा था। टीकमगढ़ विधायक राकेश गिरी को फोन भी लगवाए, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ। ऐसे में लगा कि शायद वो नहीं आएंगे, इसलिए हरी झंडी दिखाकर एंबुलेंसों को रवाना कर दिया।