भुखमरी में भारत की हालत पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल से भी बदतर, 121 देशों की लिस्ट में मिली 107वीं रैंक

आर्थिक और सियासी मोर्चे पर संकट झेल रहे श्रीलंका की स्थिति भी भारत से काफी बेहतर है, ग्लोबल हंगर इंडेक्स 2022 में भारत को 107वें स्थान पर रखा गया है।

Updated: Oct 16, 2022, 08:58 AM IST

भुखमरी में भारत की हालत पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल से भी बदतर, 121 देशों की लिस्ट में मिली 107वीं रैंक
Photo Courtesy: The Week

नई दिल्ली। ग्लोबल हंगर इंडेक्स 2022 में भारत की स्थिति और भी खराब हो गई है। आंकड़ों के मुताबिक, भारत छह पायदान नीचे खिसक कर अब 121 देशों की सूची में 107वें स्थान पर पहुंच गया है। दुनियाभर में भुखमरी पर आने वाली रिपोर्ट में भारत की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। भारत से बेहतर स्थिति में पड़ोसी देश पाकिस्तान, श्रीलंका, नेपाल और बांग्लादेश हैं। इन देशों में भुखमरी भारत से कम है।

121 देशों की रैंकिंग को लेकर जारी इस रिपोर्ट में जहां भारत 107वें पायदान पर है जबकि पड़ोसी देश पाकिस्तान 99वें पायदान पर है। इसके अलावा पड़ोसी देश नेपाल 81वें स्थान पर जबकि बांग्लादेश 84वें स्थान पर है। भारत के मुकाबले ये दोनों देश भी काफी अच्छा काम कर रहे हैं। इतना ही नहीं आर्थिक और सियासी मोर्चे पर संकट झेल रहे श्रीलंका की स्थिति भी भारत से काफी बेहतर है। श्रीलंका को इस इंडेक्स में 64वां स्थान दिया गया है। यानी अन्य देशों से भी बेहतर स्थिति है।

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दक्षिण एशिया में अफ़ग़ानिस्तान को छोड़कर सभी देशों की स्थिति हंगर इंडेक्स में भारत से बेहतर है। अफ़ग़ानिस्तान इस सूची में 109वें स्थान पर है। 100 में महज 29.1 स्कोर लाने वाले भारत को लेकर ग्लोबल हंगर इंडेक्स के प्रकाशकों ने कहा कि यहां 'भूख' की स्थिति बेहद गंभीर है। ग्लोबल हंगर इंडेक्स के आंकड़ों को देखें तो जॉम्बिया, अफगानिस्तान, तिमोर-लेस्ते, गिनी-बिसाऊ, सिएरा लियोन, लेसोथो, लाइबेरिया, नाइजर, हैती, चाड, डेम कांगो, मेडागास्कर, मध्य अफ्रीकी गणराज्य और यमन ऐसे देश हैं जिनकी स्थिति भारत से भी खराब है। 

वैश्विक भुखमरी सूचकांक के आंकड़े सामने आने के बाद विपक्ष सरकार पर हावी हो गया है। कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने कहा कि, 'मोदी सरकार के आठ साल में भारत का स्कोर खराब हुआ है। मोदी जी! हिंदुत्व, हिंदी थोपना और नफरत फैलाना भूख की दवा नहीं है। प्रधानमंत्री बच्चों में कुपोषण, भूख और स्टंटिंग जैसे वास्तविक मुद्दों को लेकर कब संबोधित करेंगे? देश में 22.4 करोड़ लोग कुपोषित हैं।'

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बता दें कि ग्लोबल हंगर इंडेक्स (GHI) वैश्विक, क्षेत्रीय और राष्ट्रीय स्तर पर भूख को व्यापक रूप से मापने का जरिया है।GHI का स्कोर ख़ासकर के चार संकेतकों के मूल्यों पर मापा जाता है जिनमें कुपोषण, शिशुओं में भयंकर कुपोषण, बच्चों के विकास में रुकावट और बाल मृत्यु दर है। जीएचआई का कुल स्कोर 100 पॉइंट होता है। भारत का स्कोर 29.1 है जो कि बेहद गंभीर श्रेणी में आता है। 

पिछले साल भारत 116 देशों की सूची में 101वें स्थान पर था लेकिन इस बार 121 देशों की लिस्ट में भारत छह अंक लुढ़ककर 107वें नंबर पर पहुंच गया है। भारत की रैंकिंग गिरने के बाद सरकार ने पिछले साल इस रिपोर्ट की आलोचना करते हुए कहा था कि ग्लोबल हंगर इंडेक्स की गणना के लिए इस्तेमाल की जाने वाली पद्धति अवैज्ञानिक है।