मां के जूतों के फीते बांधते नजर आए राहुल गांधी, कर्नाटक से भारत जोड़ो यात्रा का मार्मिक दृश्य

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी बुधवार को पहली बार भारत जोड़ो यात्रा में शामिल हुईं, उनका स्वास्थ्य पूरी तरह से ठीक नहीं हुआ है, ऐसे में राहुल ने थोड़ी देर बाद उन्हें वापस कार में भेज दिया।

Updated: Oct 06, 2022, 11:58 AM IST

मां के जूतों के फीते बांधते नजर आए राहुल गांधी, कर्नाटक से भारत जोड़ो यात्रा का मार्मिक दृश्य
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मांड्या। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी आज पहली बार भारत जोड़ो यात्रा में शामिल हुईं। कर्नाटक के मंड्या में यात्रा के दौरान एक मार्मिक दृश्य भी सामने आया। जब राहुल गांधी मां के जूतों के फीते बांधते नजर आए। माना जा रहा है कि यात्रा में कांग्रेस अध्यक्ष का शामिल होना यात्रियों के लिए बूस्टर डोज साबित होगा।

यात्रा के 29वें दिन कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी मंड्या जिले के जक्कनहली से पदयात्रा में शामिल हुईं। राहुल ने कंधे पर हाथ रखकर मां का स्वागत किया। इसके बाद यात्रा में मौजूद महिला नेताओं ने सोनिया गांधी का हाथ थाम लिया। यात्रा के दौरान सोनिया गांधी के जूते लूज होने पर राहुल गांधी उन्हें बांधते नजर आए। इसका फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। 

यात्रा में कुछ देर तक पैदल चलने के बाद राहुल ने मां सोनिया को वापस कार में भेज दिया। इस दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मना करती हुई भी दिखीं। हालांकि, राहुल हाथ पकड़कर उन्हें वापस ले गए। दिलचस्प बात ये है कि कुछ देर आराम करने के बाद सोनिया फिर से पैदल यात्रा में शामिल हो गईं। बता दें कि सोनिया गांधी एक महीना पहले ही कोरोना से उबरी हैं। उनका स्वास्थ्य पूरी तरह से ठीक भी नहीं हुआ है। ऐसे में राहुल मां को लेकर चिंतित दिखे।

बता दें कि कर्नाटक से सोनिया गांधी का गहरा संबंध रहा है। जब कभी भी कांग्रेस पार्टी राजनीतिक संकट में फंसी है, तब दक्षिण भारत ने उसे मुश्किल से उबारा है। सोनिया गांधी कर्नाटक के बेल्लारी सीट से चुनाव लड़ चुकी हैं। उन्होंने यहां सुषमा स्वराज को बुरी तरह पराजित किया था। स्वयं इंदिरा गांधी भी कर्नाटक के चिकमंगलूर से चुनाव लड़ चुकी हैं।

भारत जोड़ो यात्रा में सोनिया गांधी के शामिल होने से कर्नाटक आगामी विधानसभा चुनाव और लोकसभा चुनाव पर भी सकारात्मक असर पड़ सकता है। राज्य के पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान सोनिया गांधी चुनाव प्रचार से दूर थीं। हालांकि पार्टी ने यहां एक आंतरिक सर्वेक्षण कराया था। इस सर्वे में निकलकर आया था कि कांग्रेस की तरफ से सोनिया गांधी का प्रचार करना पार्टी के हित में है। उसके बाद बीमार सोनिया गांधी यहां प्रचार के लिए आई थीं। इसका असर भी राज्य में नजर आया था और कांग्रेस की वापसी हुई थी।

कर्नाटक कांग्रेस अध्यक्ष व राज्य के पूर्व मंत्री डीके शिवकुमार ने इस मौके पर कहा कि विजयादशमी के बाद अब राज्य में कांग्रेस की विजय होगी। हम राज्य में सत्ता में आ रहे हैं और भाजपा की दुकान बंद होने वाली है। हमें गर्व है कि सोनिया गांधी राज्य की सड़कों पर उतरी हैं। इससे कांग्रेस नेताओं व कार्यकर्ताओं का उत्साह कई गुना बढ़ गया है।